अमृत गंगा S4-84सीज़न 4, अमृत गंगा की चौरासीवीं कड़ी में, अम्मा कहती हैं, “जहाँ कहीं करुणा का प्रस्फुटन दिखे,उसे ‘माँ’ कहने की परंपरा रही है। मातृत्व की महिमा को समझकर ही हमारी संस्कृति पुष्पित-पल्लवित हुई है।” अम्मा भजन गाती हैं, ‘हरी नारायण जय नारायण।’ अम्मा की अमेरिका यात्रा में – वॉशिंगटन डी सी कार्यक्रम।