Category / अमृतगंगा

अमृत गंगा S3-25 सीज़न ३,अमृत गँगा की २५वीं कड़ी में अम्मा ने कहा कि अक्सर हम ड्राइविंग करते समय, ‘सड़क पर काम चालू है’ – ऐसे साइन-बोर्ड लगे देखते हैं। इन्हें देख कर हम धैर्य के साथ ट्रैफ़िक का इंतज़ार करते हैं। उसी प्रकार, उन लोगों के साथ व्यवहार करते समय भी हमें धैर्य की […]

अमृत गंगा S3-24 #अमृत गँगा, सीज़न ३, २४वीं कड़ी में अम्मा यह बता रही हैं कि मानव-मन की शक्ति अद्भुत है! हमारे विचार, हमारी भावनाएं अच्छी होंगी तो हमारे आसपास का जगत भी अच्छा होगा। हम कोशिश करें तो हमारा मन प्रत्येक वस्तु में अच्छाई देख सकता है; प्रत्येक वस्तु में आनंद और सौंदर्य ढूंढ़ […]

अमृत गंगा S3-21 अमृत गंगा, सीज़न ३, इक्कीसवीं कड़ी; अम्मा ने कहा कि कितने लोग हैं जो गरीबी और अज्ञान से पीड़ित हैं। हमें उन्हें इनसे राहत दिलाने के लिए जो बन पड़े, सो करना चाहिए। हम उन्हें ज्ञान का प्रकाश दें, निराश जनों को प्रोत्साहन दें और दुखियों की ओर सहायता का हाथ बढ़ाएं। […]

अमृत गंगा S3-23 अमृत गँगा, 23वीं कड़ी, सीज़न 3, अम्मा ने कहा कि आज विश्व दो प्रकार की गरीबी से ग्रसित है। एक गरीबी प्रेम की और दूसरी भोजन, जल और आवास जैसी मूल आवश्यकताओं की। पहली प्रकार की गरीबी को मिटा सकें तो हम दूसरी प्रकार गरीबी से भी मुक्त हो सकते हैं। जहाँ […]

अमृत गंगा S3-22 अमृत गंगा, सीज़न 3, कड़ी 22: अम्मा हमें याद दिला रही हैं कि हम अलग-थलग द्वीप नहीं बल्कि एक ही शृंखला की कड़ियाँ हैं। एक अकेले व्यक्ति के लिए परिवर्तन लाना शायद संभव न हो लेकिन कई लोग मिल कर करें तो दूसरों की भलाई के लिए कुछ अच्छा अवश्य कर सकते […]